बैसाखी से लौट रही श्रद्धालुओं की बस फतेहगढ़ साहिब में पलटी, 6 की मौत, कई घायल

बैसाखी से लौट रही श्रद्धालुओं की बस फतेहगढ़ साहिब में पलटी, 6 की मौत, कई घायल
April 15, 2026 at 3:22 pm

पंजाब के फतेहगढ़ साहिब जिले में बैसाखी पर्व से लौट रही श्रद्धालुओं की बस के दुर्घटनाग्रस्त होने से बड़ा हादसा हो गया। इस दर्दनाक घटना में 6 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 25 से अधिक लोग घायल हो गए। हादसा देर रात गांव भटेड़ी के पास हुआ, जिससे पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई।

मंगलवार देर रात श्री आनंदपुर साहिब से लौट रही संगत की बस अचानक अनियंत्रित होकर पलट गई। बस में सवार सभी श्रद्धालु बैसाखी पर्व के अवसर पर गुरुद्वारा में माथा टेककर अपने गांव लौट रहे थे। जैसे ही बस भटेड़ी गांव के पास पहुंची, चालक का नियंत्रण बिगड़ गया और बस सड़क किनारे पलट गई।

हादसा इतना भीषण था कि बस में सवार कई लोग उसके नीचे दब गए। मौके पर ही चीख-पुकार मच गई। स्थानीय ग्रामीणों ने तुरंत राहत कार्य शुरू किया और पुलिस व प्रशासन को सूचना दी। दुर्घटना में 6 श्रद्धालुओं की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 25 से ज्यादा लोग घायल हो गए।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंच गईं। राहत एवं बचाव कार्य तेजी से शुरू किया गया। घायलों को पास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया। गंभीर रूप से घायल दो लोगों को PGI चंडीगढ़ रेफर किया गया है।

बैसाखी का पर्व पंजाब और उत्तर भारत में विशेष महत्व रखता है। हर साल लाखों श्रद्धालु आनंदपुर साहिब में माथा टेकने पहुंचते हैं। यह दिन खासतौर पर सिख समुदाय के लिए ऐतिहासिक महत्व रखता है क्योंकि इसी दिन खालसा पंथ की स्थापना हुई थी।

हादसे का शिकार हुई बस बस्सी पठाना क्षेत्र के मैण माजरी गांव की संगत को लेकर गई थी। इसमें आसपास के गांवों—डडयाना, माजरा और शेरगढ़ बाड़ा—के लोग भी शामिल थे। धार्मिक यात्रा के बाद सभी लोग देर रात अपने घर लौट रहे थे, तभी यह हादसा हो गया।

इस हादसे ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। मृतकों के परिवारों में कोहराम मचा हुआ है, वहीं घायलों के परिजन अस्पतालों के बाहर चिंतित नजर आए। इस तरह के हादसे धार्मिक यात्राओं की सुरक्षा पर सवाल खड़े करते हैं।

भारत में त्योहारों के दौरान बड़ी संख्या में लोग यात्रा करते हैं, जिससे सड़कों पर यातायात का दबाव बढ़ जाता है। ऐसे में सड़क सुरक्षा नियमों का पालन न होने पर हादसों का खतरा और बढ़ जाता है। यह घटना प्रशासन और परिवहन विभाग के लिए एक चेतावनी के रूप में देखी जा रही है।

हादसे की जानकारी मिलते ही वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है। प्रारंभिक तौर पर आशंका जताई जा रही है कि बस की रफ्तार अधिक थी या चालक को झपकी आ गई होगी।

शिरोमणि अकाली दल की नेता हरसिमरत कौर बादल ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जताते हुए घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की।

यह हादसा एक बार फिर यह सवाल खड़ा करता है कि क्या हमारी सड़कें और सार्वजनिक परिवहन प्रणाली बड़े धार्मिक आयोजनों के लिए पर्याप्त रूप से सुरक्षित हैं। अक्सर देखा जाता है कि ऐसे अवसरों पर बसों में क्षमता से अधिक यात्रियों को बैठा लिया जाता है और ड्राइवरों पर लगातार लंबी दूरी तय करने का दबाव रहता है।

विशेषज्ञों का मानना है कि सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के लिए केवल नियम बनाना ही काफी नहीं है, बल्कि उनका सख्ती से पालन भी जरूरी है। साथ ही, यात्रियों को भी जागरूक होना होगा और ओवरलोडिंग या लापरवाही की स्थिति में विरोध करना चाहिए।

इसके अलावा, प्रशासन को भी त्योहारों के दौरान विशेष सुरक्षा अभियान चलाने चाहिए, ताकि इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।

फतेहगढ़ साहिब में हुआ यह हादसा बेहद दुखद और चिंताजनक है। इसने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं और दर्जनों लोगों को घायल कर दिया। जरूरत इस बात की है कि इस घटना से सबक लिया जाए और भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं। सड़क सुरक्षा को प्राथमिकता देना ही इस तरह की त्रासदियों से बचने का एकमात्र उपाय है।

1. हादसा कहां हुआ?
यह हादसा पंजाब के फतेहगढ़ साहिब जिले के भटेड़ी गांव के पास हुआ।

2. हादसे में कितने लोगों की मौत हुई?
इस दुर्घटना में 6 श्रद्धालुओं की मौके पर ही मौत हो गई।

3. कितने लोग घायल हुए हैं?
करीब 25 से अधिक लोग घायल हुए हैं, जिनमें कुछ की हालत गंभीर है।

4. बस कहां से लौट रही थी?
बस श्री आनंदपुर साहिब से बैसाखी पर्व मनाकर लौट रही थी।

5. हादसे का कारण क्या है?
फिलहाल कारण स्पष्ट नहीं है, लेकिन तेज रफ्तार या चालक की लापरवाही की आशंका जताई जा रही है।