रुद्रपुर में साइबर ठगी का एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां एक शातिर ठग ने खुद को एसटीएफ अधिकारी बताकर आरपीएफ में नौकरी दिलाने के नाम पर लाखों रुपये ऐंठ लिए। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
व्हाट्सएप कॉल से शुरू हुई ठगी
फुलसुंगा क्षेत्र के गणेश गार्डन निवासी रामेश्वर सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 3 फरवरी 2025 को उनके मोबाइल पर एक व्हाट्सएप कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को नीरज यादव बताते हुए एसटीएफ अधिकारी होने का दावा किया। उसने कहा कि उसका भाई आरपीएफ दिल्ली में उच्च पद पर तैनात है और सरकारी नौकरी लगवा सकता है।
दस्तावेज लेकर मांगे पैसे
ठग की बातों में आकर रामेश्वर सिंह ने अपने भाई पंकज दयाल और अमर के दस्तावेज उसे भेज दिए। इसके बाद आरोपी ने रजिस्ट्रेशन के नाम पर पहले 50 हजार रुपये गूगल पे के जरिए मंगवाए।
धीरे-धीरे अलग-अलग बहानों से आरोपी ने कुल 6.35 लाख रुपये अपने खाते में ट्रांसफर करवा लिए।
और पैसों की मांग पर हुआ शक
जब पीड़ित ने नौकरी को लेकर जानकारी मांगी तो आरोपी बार-बार और पैसे मांगने लगा। इसके बाद पीड़ित को ठगी का अहसास हुआ और उसने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने दर्ज किया मामला
सीओ सिटी प्रशांत कुमार ने बताया कि शिकायत के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। साइबर सेल की मदद से आरोपी की तलाश की जा रही है और जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस की अपील
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी व्यक्ति द्वारा नौकरी दिलाने के नाम पर पैसे मांगे जाने पर सतर्क रहें। सरकारी नौकरियों में किसी भी प्रकार की फीस या लेन-देन नहीं होता।