उत्तर प्रदेश में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। हाल ही में आंधी और बारिश के दौर के बाद अब प्रदेश में तेज गर्मी का सिलसिला शुरू हो चुका है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक आने वाले एक सप्ताह में राज्य के कई हिस्सों में तापमान में 8 से 10 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी हो सकती है। इससे लोगों को झुलसा देने वाली गर्मी का सामना करना पड़ सकता है और कई जिलों में तापमान 42 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंचने की संभावना है।
मौसम विभाग के अनुसार, 10 अप्रैल से प्रदेश के पूर्वी और पश्चिमी दोनों हिस्सों में मौसम शुष्क और साफ बना रहेगा। आसमान में बादलों की आवाजाही बेहद कम होगी और तेज धूप दिन के समय तापमान को तेजी से बढ़ाएगी। हालांकि, कुछ इलाकों में 25 से 35 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं, जिससे थोड़ी राहत जरूर मिलेगी, लेकिन कुल मिलाकर गर्मी का असर बढ़ेगा।
11 अप्रैल को भी मौसम लगभग इसी तरह बना रहेगा और अगले तीन दिनों तक पूरे प्रदेश को ‘ग्रीन जोन’ में रखा गया है। इसका मतलब है कि इस दौरान आंधी, बारिश या बिजली गिरने की कोई संभावना नहीं है। इस अवधि में तापमान लगातार बढ़ता रहेगा।
प्रदेश के कई जिलों जैसे गोरखपुर, कुशीनगर, संतकबीरनगर, सिद्धार्थनगर, महाराजगंज, आगरा, अलीगढ़, मेरठ, बरेली, कानपुर, प्रयागराज, वाराणसी, झांसी और लखनऊ समेत अन्य क्षेत्रों में तेज धूप और गर्म हवाओं का असर दिखाई देगा। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इन जिलों में दिन का तापमान धीरे-धीरे बढ़कर 40 से 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है।
राजधानी लखनऊ में शुक्रवार को हल्के बादल देखे जा सकते हैं, लेकिन दिन चढ़ने के साथ तेज धूप निकलेगी। यहां अधिकतम तापमान करीब 32°C और न्यूनतम 20°C रहने का अनुमान है, जो अगले 24 घंटे में और बढ़ सकता है। वहीं, नोएडा में भी मौसम सामान्य रहेगा और तापमान 31°C के आसपास रहने की संभावना है।
मार्च के अंतिम सप्ताह और अप्रैल की शुरुआत में उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में पश्चिमी विक्षोभ के कारण बारिश और तेज हवाओं का असर देखने को मिला था। इससे तापमान में गिरावट आई थी और लोगों को गर्मी से राहत मिली थी। लेकिन अब यह प्रणाली कमजोर पड़ चुकी है और उत्तर भारत में शुष्क हवाओं का प्रभाव बढ़ रहा है।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि अप्रैल के मध्य तक उत्तर भारत में गर्मी अपने चरम की ओर बढ़ती है। इसी क्रम में 15 अप्रैल के आसपास एक नया पश्चिमी विक्षोभ हिमालयी क्षेत्रों को प्रभावित कर सकता है, लेकिन इसका असर उत्तर प्रदेश के मैदानी इलाकों में सीमित रहेगा।
तेजी से बढ़ती गर्मी का सीधा असर आम लोगों की दिनचर्या पर पड़ेगा। दोपहर के समय बाहर निकलना मुश्किल हो सकता है और हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ सकता है। खासकर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत होगी।
खेती पर भी इसका असर पड़ सकता है। जिन क्षेत्रों में गेहूं की कटाई चल रही है, वहां तेज गर्मी से फसल की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। साथ ही बिजली की मांग में भी तेजी से वृद्धि होने की संभावना है, जिससे पावर सप्लाई पर दबाव बढ़ सकता है।
शहरी क्षेत्रों में पानी की खपत बढ़ेगी, जिससे जल संकट की स्थिति भी पैदा हो सकती है। वहीं, स्कूलों के समय और कामकाजी लोगों के शेड्यूल पर भी असर पड़ सकता है।
बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के मौसम वैज्ञानिक प्रोफेसर मनोज कुमार श्रीवास्तव के अनुसार, “अगले कुछ दिनों में उत्तर प्रदेश में तापमान लगातार बढ़ेगा और लोगों को गर्मी के लिए तैयार रहना चाहिए। 15 अप्रैल के आसपास एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा, लेकिन उससे ज्यादा राहत मिलने की संभावना नहीं है।”
मौसम में यह बदलाव सामान्य मौसमी चक्र का हिस्सा है, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में तापमान में तेजी से बढ़ोतरी और हीटवेव की घटनाओं में इजाफा देखा गया है। जलवायु परिवर्तन के कारण गर्मी का प्रभाव पहले से ज्यादा तीव्र हो रहा है।
विशेषज्ञ मानते हैं कि शहरीकरण, हरियाली की कमी और बढ़ते प्रदूषण के कारण ‘हीट आइलैंड इफेक्ट’ भी बढ़ रहा है, जिससे शहरों में तापमान ग्रामीण क्षेत्रों की तुलना में अधिक हो जाता है। ऐसे में प्रशासन और आम जनता दोनों को मिलकर सावधानी बरतनी होगी।
उत्तर प्रदेश में आने वाले दिनों में गर्मी अपने तीखे तेवर दिखाने वाली है। मौसम विभाग की चेतावनी को ध्यान में रखते हुए लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। पर्याप्त पानी पीना, धूप से बचाव करना और जरूरी होने पर ही बाहर निकलना जैसे उपाय अपनाकर इस गर्मी से बचा जा सकता है। प्रशासन को भी बिजली, पानी और स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर पहले से तैयारी करनी होगी।
1. यूपी में तापमान कितना बढ़ सकता है?
अगले 7 दिनों में तापमान 8 से 10 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है।
2. अधिकतम तापमान कहां तक पहुंच सकता है?
कई जिलों में तापमान 42°C तक जा सकता है।
3. क्या बारिश या आंधी की संभावना है?
अभी अगले 3 दिनों तक कोई संभावना नहीं है।
4. गर्मी से बचाव के लिए क्या करें?
पानी ज्यादा पिएं, धूप से बचें और हल्के कपड़े पहनें।
5. क्या पश्चिमी विक्षोभ से राहत मिलेगी?
15 अप्रैल के आसपास नया सिस्टम आएगा, लेकिन ज्यादा असर नहीं पड़ेगा।
यूपी में बढ़ेगी भीषण गर्मी, अगले 7 दिनों में 10°C तक चढ़ेगा पारा